उत्तर प्रदेश की योगी सरकार आज विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश करने जा रही है। 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले यह आखिरी पूर्ण बजट होगा, इसलिए इसे कई मायनों में ऐतिहासिक माना जा रहा है। लगभग 9 से 9.5 लाख करोड़ रुपये के इस बजट में चुनावी साल से पहले हर वर्ग को साधने की तैयारी दिख सकती है।
क्षेत्रीय विकास पर हो सकता है विशेष ध्यान
सूत्रों के अनुसार, बजट का मुख्य फोकस क्षेत्रीय विकास पर रह सकता है, खासकर पूर्वांचल और बुंदेलखंड के क्षेत्रीय असंतुलन को दूर करने पर जोर दिया जा सकता है। अनुमान है कि दोनों क्षेत्रों के विकास के लिए करीब 1800-2000 करोड़ रुपये आवंटित किए जा सकते हैं, जो पिछले वित्तीय वर्ष से लगभग 600-800 करोड़ रुपये अधिक हो सकता है। इससे 35+ पिछड़े जिलों में विकास कार्यों को गति मिलने की संभावना है।

बुंदेलखंड को मिल सकता है मोटा पैकेज
बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) के लिए सरकार मोटा पैकेज देने की तैयारी में है। बीडा को कुल 56 हजार एकड़ जमीन का अधिग्रहण करना है, जिसमें से अभी 23 हजार एकड़ से ज्यादा का काम शेष है। इस मद में बजट में विशेष प्रावधान किए जाने की संभावना जताई जा रही है।
एक्सप्रेसवे परियोजनाओं को मिल सकती है रफ्तार
नए एक्सप्रेसवे के विकास के लिए 1000+ करोड़ रुपये से अधिक की व्यवस्था हो सकती है। लखनऊ-आगरा और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को जोड़ने, जेवर एयरपोर्ट को गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ने वाले लिंक एक्सप्रेसवे और चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे के लिए भी धनराशि आवंटित की जा सकती है।
पेंशन में बढ़ोतरी की संभावना
जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत निराश्रित महिलाओं और वृद्धजनों की पेंशन में 500 रुपये की वृद्धि हो सकती है। महिलाओं के स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा देने और केंद्र सरकार की शी-मार्ट योजना को भी बजट में स्थान मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा 1.43 लाख शिक्षा मित्रों का मानदेय वर्तमान 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 17 से 20 हजार रुपये किए जाने की संभावना है, जिसके लिए 250 से 275 करोड़ रुपये का प्रावधान हो सकता है।

शिक्षा और खेल को मिल सकता है बढ़ावा
मेधावी छात्राओं को स्कूटी देने का संकल्प इस वर्ष पूरा होने की उम्मीद जताई जा रही है। बेसिक और माध्यमिक शिक्षा के लिए 1.10 लाख करोड़ रुपये से अधिक दिए जा सकते हैं। खेलों के प्रोत्साहन के लिए 1000 करोड़ रुपये का आवंटन संभव है। आगरा, मीरजापुर, देवीपाटन, झांसी, मुरादाबाद, अयोध्या, बरेली और अलीगढ़ में स्पोर्ट्स कॉलेज खोलने के लिए 25 करोड़ रुपये से अधिक की व्यवस्था हो सकती है।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर होगा जोर
बजट का लगभग एक चौथाई हिस्सा बुनियादी ढांचे के विकास पर खर्च किए जाने की संभावना है। सड़कों की मरम्मत के लिए 45 हजार करोड़ रुपये से अधिक, गृह विभाग के लिए साइबर अपराध नियंत्रण सहित 48 हजार करोड़ रुपये, परिवहन सेवाओं को बेहतर और सुरक्षित बनाने के लिए 4700 करोड़ रुपये और हवाई अड्डों तथा जलमार्गों के विकास के लिए 2500 करोड़ रुपये दिए जा सकते हैं।
शहरी विकास और मेट्रो के लिए बड़ा आवंटन
शहरी अवस्थापना और मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के लिए 12+ हजार करोड़ रुपये का आवंटन हो सकता है। मेट्रो परियोजनाओं की मद में 600-800 करोड़ रुपये का प्रावधान किए जाने की संभावना है।
वित्त मंत्री ने बजट पर किए हस्ताक्षर
वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने मंगलवार को विधानसभा स्थित कार्यालय में वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट पर हस्ताक्षर किए। उन्होंने कहा कि यह बजट प्रदेश की जनता की अपेक्षाओं, विकास की जरूरतों और सुशासन की प्रतिबद्धता को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। खन्ना ने इसे केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि डबल इंजन सरकार की मजबूत राजनीतिक इच्छाशक्ति और विकासशील सोच का प्रतीक बताया।
वित्त मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में कानून-व्यवस्था, निवेश और बुनियादी ढांचे में जो भरोसा बना है, यह बजट उसे और मजबूत करेगा। उन्होंने बताया कि कृषि, युवा, महिला, श्रमिक और वंचित वर्गों के कल्याण के साथ पूंजीगत व्यय को प्राथमिकता देकर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को दीर्घकालिक मजबूती देने का रोडमैप इसमें शामिल है।
सीएम योगी का ट्वीट
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ट्वीट करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के यशस्वी मार्गदर्शन में ‘नया उत्तर प्रदेश’ सुशासन, समावेशी विकास और जनकल्याण की नीति के साथ एक सशक्त, आत्मनिर्भर और समृद्ध राज्य के निर्माण की दिशा में निरंतर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि आज प्रस्तुत होने वाला बजट ‘आत्मनिर्भर-विकसित उत्तर प्रदेश’ के संकल्प को नई दिशा, नई ऊर्जा, स्पष्ट नीति-दृष्टि और ठोस कार्य योजना प्रदान करेगा। साथ ही, $1 ट्रिलियन इकोनॉमी के लक्ष्य की प्राप्ति की दिशा में राज्य की प्रगति को सुनिश्चित करेगा।
सीएम योगी ने कहा कि गरीब के सम्मान, युवा के स्वाभिमान, मातृ शक्ति और किसान की समृद्धि को केंद्र में रखकर प्रस्तुत यह बजट ‘विकसित भारत-2047’ के निर्माण एवं ‘नए उत्तर प्रदेश’ के उज्ज्वल भविष्य का मजबूत आधार बनेगा।
विपक्ष ने किया विरोध प्रदर्शन
बजट पेश होने से पहले समाजवादी पार्टी के विधायकों ने सरकार के खिलाफ अनोखा प्रदर्शन किया। वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप समेत अन्य लोगों के मुखौटे पहनकर विधानसभा परिसर पहुंचे।
बजट पेश होने से पहले सीएम योगी आदित्यनाथ ने कैबिनेट की बैठक भी की। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि चुनावी साल से पहले का यह बजट सरकार की नीतियों और विकास की दिशा को स्पष्ट करेगा।
