मैनपुरी: जनपद में विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना (VSSY) के अंतर्गत यू.पी. इंडस्ट्रियल कंसल्टेंट्स लिमिटेड (UPICON) द्वारा कौशल विकास आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम 21 जनवरी 2026 से सफलतापूर्वक संचालित किया जा रहा है। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम कान्हा मैरिज हॉल, रेलवे क्रॉसिंग, कुसमरा रोड, मैनपुरी–205001 में आयोजित हो रहा है।
इस कार्यक्रम का संचालन स्थानीय गणमान्य व्यक्तियों के मार्गदर्शन और प्रेरणा से किया जा रहा है, जिसमें प्रमुख रूप से शुभम सिंह (जिला पंचायत सदस्य), ममता राजपूत (जिला अध्यक्ष, भारतीय जनता पार्टी) तथा नीरज सिंह (UPICON कोऑर्डिनेटर) का सहयोग उल्लेखनीय है।
योजना के अंतर्गत स्थानीय कारीगरों एवं लाभार्थियों को 10 दिवसीय सिलाई (टेलर) ट्रेड प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। प्रशिक्षण के दौरान अनुभवी एवं कुशल डिज़ाइनरों द्वारा प्रतिभागियों को आधुनिक डिज़ाइनिंग, नवीन उत्पाद विकास, गुणवत्ता सुधार तथा बाजार की मांग के अनुरूप उत्पाद निर्माण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसके माध्यम से प्रतिभागियों की पारंपरिक शिल्पकला को आधुनिक तकनीकों से जोड़ते हुए उनकी दक्षता एवं उत्पादक क्षमता में निरंतर वृद्धि देखी जा रही है।
प्रशिक्षण अवधि में प्रतिभागियों की स्वास्थ्य आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पौष्टिक मिलेट (श्रीअन्न) आधारित भोजन की व्यवस्था भी की गई है, ताकि प्रशिक्षण में उनकी निरंतर सहभागिता सुनिश्चित हो सके और वे बेहतर ऊर्जा के साथ सीखने की प्रक्रिया में जुड़े रहें।
प्रशिक्षण के प्रमुख परिणाम (Outcomes)
इस कार्यक्रम के तहत कारीगरों को कई स्तरों पर लाभ मिलने की उम्मीद है। प्रशिक्षण के परिणामस्वरूप कारीगरों के तकनीकी एवं व्यावसायिक कौशल में उल्लेखनीय वृद्धि होगी, साथ ही उन्हें नए एवं नवाचारी उत्पादों के विकास की व्यावहारिक समझ भी प्राप्त होगी। इसके अलावा लाभार्थियों में स्वरोजगार व उद्यमिता के प्रति आत्मविश्वास का निर्माण होगा और प्रशिक्षण उपरांत आधुनिक टूलकिट के माध्यम से उनकी कार्य क्षमता में सुधार देखने को मिलेगा। वहीं, मार्केट लिंकेज के अवसर मिलने से आय में संभावित वृद्धि की संभावना भी बनेगी, जिससे स्थानीय कारीगरों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में यह एक ठोस और प्रभावी पहल साबित होगी।
कार्यक्रम से जुड़े आयोजकों का कहना है कि यह पहल माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी की मंशा के अनुरूप प्रदेश के कारीगरों को सशक्त बनाते हुए उन्हें आत्मनिर्भर भारत की मुख्यधारा से जोड़ने का कार्य कर रही है। विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के तहत संचालित यह प्रशिक्षण न केवल आजीविका के साधनों को मजबूत कर रहा है, बल्कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में सतत आर्थिक विकास को भी प्रोत्साहित कर रहा है।
